तमिलनाडु के पेरम्बूर गांव में चमगादड़ों को शोर और धुएं से बचाने के लिए पिछली एक सदी से पटाखे नहीं जलाए गए हैं. यहां ग्रामीण केवल दीये जलाकर दिवाली मनाते हैं और बेजुबान जीवों के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं.
तमिलनाडु के गांव में नहीं चलाए जाते पटाखे, चमगादड़ों की वजह से 100 साल से ग्रामीण निभा रहे परंपरा
Published ·

Keep reading
Related stories




